top of page

15.5.21.समाचार

🛑 आईसीसी टेस्ट टीम रैंकिंग का वार्षिक अपडेट जारी होने पर यह टीम 121 रेटिंग अंको के साथ प्रथम स्थान पर है- भारत • बीसीसीआई ने भारतीय महिला क्रिकेट टीम के नए मुख्य कोच के रूप में जिसे नियुक्त किया है- रमेश पोवार • अंतरराष्ट्रीय परिवार दिवस (International Day of Families) जिस दिन मनाया जाता है-15 मई • संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने जाने माने जिस ब्रिटिश राजनयिक को संयुक्त राष्ट्र की मानवीय मामलों की एजेंसी का प्रमुख नियुक्त किया है- मार्टिन ग्रिफिथ्स



• भारतीय मूल की जिस वैश्विक पोषण विशेषज्ञ, डॉक्टर को वर्ष 2021 का "विश्व खाद्य पुरस्कार" मिला है- डॉ. शकुंतला हरक सिंह थिलस्टेड • नोमुरा ने चालू वित्त वर्ष 2021-22 के लिए भारत के जीडीपी विकास अनुमान को 12.6 प्रतिशत के पिछले अनुमान से घटाकर जितने प्रतिशत तक कर दिया है-10.8 प्रतिशत • भारत और जिस देश की नौसेना ने हाल ही में दक्षिण अरब सागर में ‘पैसेज एक्सरसाइज’ (पैसेक्स) का आयोजन किया- इंडोनेशिया • हाल ही में जिसे नेपाल के प्रधानमंत्री नियुक्त किया गया है- केपी शर्मा ओली

🛑ब्रिक्स देशों के प्रतिनिधियों ने श्रमिकों के अधिकारों की सुरक्षा हेतु बहुपक्षीय सामाजिक सुरक्षा ढांचा तैयार करने की इच्छा जताई है. सामाजिक सुरक्षा समझौते से अंतरराष्ट्रीय श्रमिकों को अपनी कमाई का नुकसान किए बिना सामाजिक सुरक्षा लाभ को अपने देश ले जाने में मदद मिलेगी. सामाजिक सुरक्षा समझौता उन अंतरराष्ट्रीय कर्मियों की मदद भी करेगा जो अपनी कमाई का फायदा अपने देश को मुहैया कराते हैं या वे अपनी कमाई का बड़ा हिस्सा परिवार को भेजते हैं. इस समझौते के चलते वे अपनी कमाई से होने वाली दोतरफा कटौतियों से मुक्त हो जाएंगे. बहुपक्षीय सामाजिक सुरक्षा ढांचा अंतरराष्ट्रीय श्रमिकों को इन देशों के बीच दोहरे योगदान से बचने में मदद करेगा. बैठक की अध्यक्षता भारतीय श्रम सचिव अपूर्वा चंद्रा ने की. भारत ने इस साल ब्रिक्स की अध्यक्षता ग्रहण की है. इस बैठक के दौरान मुख्य रूप से ब्रिक्स देशों के बीच सामाजिक सुरक्षा समझौतों को बढ़ावा देने, श्रम बाजारों का स्वरूप, श्रम शक्ति में महिलाओं की भागीदारी और श्रम बाजार में गिग श्रमिकों की भूमिका पर चर्चा की गई. बैठक में ब्रिक्स के सदस्य देशों - ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका के प्रतिनिधियों के अलावा अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन (आईएलओ) और अंतरराष्ट्रीय सामाजिक सुरक्षा एजेंसी (आईएसएसए) के प्रतिनिधि भी शामिल हुए. इतना ही नहीं अन्य विकसित देशों के कर्मी भी इस समझौते से लाभान्वित हो सकेंगे, जिनके देश में सामाजिक सुरक्षा का ढांचा मौजूद है. इससे ब्रिक्स देशों को दुनिया भर से प्रतिभाएं आकर्षित करने का मौका मिलेगा.



ब्रिक्स कोई अंतर्राष्ट्रीय अंतर-सरकारी संगठन नहीं है, न ही यह किसी संधि के तहत स्थापित हुआ है. इसे पाँच देशों का एकीकृत प्लेटफॉर्म कहा जा सकता है. ब्रिक्स का उद्देश्य अधिक स्थायी, न्यायसंगत और पारस्परिक रूप से लाभकारी विकास के लिये समूह के साथ-साथ, अलग-अलग देशों के बीच सहयोग को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाना है. ब्रिक्स देशों में कई क्षेत्रों में आर्थिक सहयोग की गतिविधियों के साथ-साथ व्यापार और निवेश तेज़ी से बढ़ रहा है. ब्रिक्स देशों के सर्वोच्च नेताओं का तथा अन्य मंत्रिस्तरीय सम्मेलन प्रतिवर्ष आयोजित किये जाते हैं. 2009 में पहली बार इस समूह की डिप्‍लोमेटिक मीटिंग रूस में हुई. वहीं पर 16 जून 2009 को पहली बार औपचारिक रूप से BRIC शिखर सम्‍मेलन हुआ. इसकी बैठक की अध्यक्षता ब्राजील के राष्ट्रपति जायर बोल्सनारो ने की थी. BRICS देशों ने अपने देश की आर्थिक समृद्धि को सुनिश्चित करने के लिए भी बहुत से काम किये हैं.

🛑

रमेश पोवार के नाम पर मुहर लगाई. रमेश पोवार की पहचान मुख्य तौर पर एक गेंदबाज के तौर पर रही है. उन्होंने साल 2004 से लेकर साल 2007 तक टीम इंडिया का प्रतिनिधित्व किया. इस दौरान उन्होंने भारत के लिए 2 टेस्ट मैच जबकि 31 वनडे मैच खेले. उन्होंने दो टेस्ट मैचों में 6 विकेट नेपाल की राष्ट्रपति विद्या भण्डारी ने नेपाल की संविधान के तहत सबसे बड़े दल के नेता होने के कारण ओली को प्रधानमंत्री पद पर नियुक्त किया है. ऐसा उन्होंने देश के संविधान में प्राप्त शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए किया. नेपाल की संसद में विश्वास का मत हारने के बाद राष्ट्रपति ने गठबन्धन की सरकार बनाने के लिए तीन दिन का समय दिया था.



इससे पहले 10 मई को हुए विश्वास प्रस्ताव के दौरान कुल 232 सदस्यों ने मतदान किया था जिनमें से 15 सदस्य तटस्थ रहे. ओली को विश्वासमत जीतने के लिए 136 मतों की जरूरत थी क्योंकि चार सदस्य इस समय निलंबित हैं. हालांकि, उन्हें केवल 93 वोट मिले थे और वह बहुमत साबित नहीं कर सके थे. इसके बाद संविधान के आधार पर उनका प्रधानमंत्री पद चला गया था. इस हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन से कतर वित्तीय केंद्र प्राधिकरण और कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय, भारत के चार्टर्ड एकाउंटेंट्स संस्थान को लाभ होगा. इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया के पास कतर (दोहा) और मिडल ईस्ट चैप्टर में 6000 से अधिक सदस्यों का एक मजबूत सदस्यता आधार है और यह ICAI के सबसे जीवंत चैप्टर्स में से एक है. इस समझौते पर हस्ताक्षर करने से मध्य पूर्व में ICAI के सदस्यों की संभावनाओं को बेहतर पहचान दिलाने के साथ-साथ कतर में व्यापार करने के इच्छुक भारतीय व्यवसायों का समर्थन करने और इस प्रकार भारत और कतर की अर्थव्यवस्थाओं के विकास का समर्थन करने के लिए अतिरिक्त प्रोत्साहन मिलेगा. प्रधानमंत्री ने एक वीडियो कांफ्रेंसिंग प्रोग्राम के दौरान योजना की आठवीं किस्त जारी की. उन्होंने देश के किसानों को उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए धन्यवाद भी दिया. आज पूरा देश एक बड़े संकट के दौर से गुजर रहा है. कोरोना महामारी के बढ़ते प्रकोप के कारण देश के कई राज्यों में लॉकडाउन लगा दिया गया है. ऐसे में लोगों का रोजगार प्रभावित हुआ है. पीएम किसान योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को प्रतिवर्ष 6,000 रपये की वित्तीय मदद उपलब्ध कराई जाती है. इसका भुगतान 2,000 रपये की तीन किस्तों में किया जाता है. इस राशि को सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में स्थानांतरित किया जाता है.

🛑प्रधानमंत्री मोदी ने 14 मई 2021 को किसान सम्मान निधि की आठवीं किस्त जारी की. प्रधानमंत्री मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए देश के साढ़े नौ करोड़ किसानों को 19000 करोड़ रुपये की राशि जारी की. कोरोना संकट के बीच देश के साढ़े नौ करोड़ से ज्यादा किसानों को ‘पीएम किसान सम्मान निधि’ के तहत आठवीं किस्त मिलने जा रही है. प्रधानमंत्री ने एक वीडियो कांफ्रेंसिंग प्रोग्राम के दौरान योजना की आठवीं किस्त जारी की. उन्होंने देश के किसानों को उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए धन्यवाद भी दिया. आज पूरा देश एक बड़े संकट के दौर से गुजर रहा है. कोरोना महामारी के बढ़ते प्रकोप के कारण देश के कई राज्यों में लॉकडाउन लगा दिया गया है. ऐसे में लोगों का रोजगार प्रभावित हुआ है. पीएम किसान योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को प्रतिवर्ष 6,000 रपये की वित्तीय मदद उपलब्ध कराई जाती है. इसका भुगतान 2,000 रपये की तीन किस्तों में किया जाता है. इस राशि को सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में स्थानांतरित किया जाता है.



योजना के तहत अभी तक किसान परिवारों को 1.15 लाख करोड़ रपये की धनराशि स्थानांतरित की जा चुकी है. बता दें कि केंद्र सरकार ने छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक सहायता देने के लिए यह योजना चलाई है. देश के किसानों की आमदनी ब़़ढाने के लिए शुरू की गई इस योजना के तहत केंद्र सरकार हर वित्त वर्ष में किसानों के खातों में 6,000 रपये की रकम भेजती है. यह रकम तीन बराबर किस्त में किसानों के खातों में भेजी जाती है. अब तक किसानों को 2,000 रपये की सात किस्तें मिल चुकी हैं. पीएम किसान सम्मान निधि स्कीम की घोषणा 2019 में अंतरिम बजट में की गई थी. प्रत्येक 4 महीने के बाद यह सम्मान राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है. इससे पहले 25 दिसंबर 2020 को करीब 9 करोड़ किसानों को 7वीं किस्त ट्रांसफर की गई थी.


🛑13 मई, 2021 को प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने कतर वित्तीय केंद्र प्राधिकरण (QFCA) और इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर करने को अपनी मंजूरी दे दी है. इस हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन से कतर वित्तीय केंद्र प्राधिकरण और कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय, भारत के चार्टर्ड एकाउंटेंट्स संस्थान को लाभ होगा. इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया के पास कतर (दोहा) और मिडल ईस्ट चैप्टर में 6000 से अधिक सदस्यों का एक मजबूत सदस्यता आधार है और यह ICAI के सबसे जीवंत चैप्टर्स में से एक है. ICAI के सदस्य विभिन्न सार्वजनिक और निजी कंपनियों में प्रमुख पदों पर रहते हैं. वे कतर में लेखांकन पेशे (एकाउंटिंग प्रोफेशन) के समर्थन और विकास में भी सक्रिय तौर पर शामिल हैं. दोनों देशों के बीच हस्ताक्षरित यह समझौता ज्ञापन, कतर में लेखांकन पेशे और उद्यमशीलता के आधार को मजबूत करने के लिए इन संस्थानों के बीच सहयोग को बढ़ाएगा.



• इस समझौते पर हस्ताक्षर करने से मध्य पूर्व में ICAI के सदस्यों की संभावनाओं को बेहतर पहचान दिलाने के साथ-साथ कतर में व्यापार करने के इच्छुक भारतीय व्यवसायों का समर्थन करने और इस प्रकार भारत और कतर की अर्थव्यवस्थाओं के विकास का समर्थन करने के लिए अतिरिक्त प्रोत्साहन मिलेगा. • यह समझौता आगे सलाहकार, बीमा और लेखा परीक्षा/ ऑडिटिंग, वित्तीय सेवाओं, कराधान और संबद्ध क्षेत्रों में कतर में पेशेवर सेवाएं प्रदान करने के लिए व्यवसाय स्थापित करके ICAI सदस्यों के लिए पेशेवर सेवाएं प्रदान करने के अवसरों को बढ़ाने का प्रयास करेगा. • ICAI इस MoU के तहत, एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से कतर के स्थानीय पेशेवरों, छात्रों और उद्यमियों को शिक्षित और प्रशिक्षित भी करेगा. यह QFCA के सहयोग से किया जाएगा. कतर फाइनेंशियल सेंटर अथॉरिटी और इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया कतर में भारतीय व्यवसायों के लिए अवसरों का पता लगाने के लिए मिलकर काम करेंगे. यह कार्य नेटवर्किंग इवेंट्स, राउंडटेबल्स या फिर, किसी अन्य मोड के माध्यम से किया जाएगा जिस पर वे परस्पर सहमत होंगे. दोनों तकनीकी अनुसंधान और सलाह, कॉर्पोरेट प्रशासन, गुणवत्ता आश्वासन, छोटे और मध्यम आकार के कारोबारों के मुद्दों, फोरेंसिक एकाउंटिंग, सतत व्यावसायिक विकास, इस्लामी वित्त या आपसी हित के किसी अन्य विषय पर उत्पन्न होने वाले अवसरों पर सहयोग करेंगे.

जागरणजोश से साभार

51 views0 comments

Recent Posts

See All
bottom of page